20+ इलाहाबाद प्रयागराज में घूमने की जगह की जानकारी – कैसे पहुंचे कहाँ रुके क्या घूमे
प्रयागराज शहर अपने आप में एक गौरवमय इतिहास को बयां करता है जैसे नेहरु जी का पुराना मकान यही है और श्री चन्द्रशेखर आज़ाद जी ने इसी शहर में अपने प्राणों की आहूति दी थी , यह वही शहर है जहां ब्रम्हा जी ने सृष्टि के निर्माण के बाद प्रथम यज्ञ किया था तब से ये तीर्थराज कहलाया , ऋषि भारद्वाज ऋषि दुर्वासा ऋषि पन्ना का भी सम्बन्ध प्रयागराज से रहा है , चन्द्रवंशी राजा पुरुरव का भी प्रयाग से सम्बन्ध है देखा जाय तो प्रयागराज अति पावन शहर है , Triveni Sangam Allahabad को समस्त तीर्थो का राजा कहा गया है |